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चंद्रपुर को तंबाकू मुक्त बनाने के लिए 50 हजार एनएसएस स्वयंसेवक तैयार
November 29, 2019 • Jyoti Singh • अन्य राज्य

जिलेभर में तंबाकू व अन्य धूम्रपान उत्पादों के बढ़ते सेवन व इससे होने वाली बीमारियों को रेाकने व चंद्रपुर को तंबाकू मुक्त बनाने के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के 50 हजार स्वयंसेवकों ने कमर कस ली है। ये स्वंयसेवक जिलेभर में जागरुकता के लिए विभिन्न प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन करेंगे और युवाओं को इस प्रकार के उत्पादों के सेवन के लिए हत्तोत्साहित करेंगे। इसके लिए शुक्रवार को गोंडवाना विश्वविद्यालय की एनएसएस इकाई द्वारा सरदार पटेल कॉलेज में एनएसएस कार्यक्रम अधिकारियों और स्वयंसेवकों के लिए उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन चंद्रपुर कैंसर केयर फाउंडेशन के सहयोग से संबंध हेल्थ फाउंडेशन (एसएचएफ) के तकनीकी सहयेाग द्वारा किया गया।

उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में चंद्रपुर जिले के गोंडवाना विश्वविद्यालय के लगभग 50 कॉलेजों ने भाग लिया। इससे पहले भी गोंडवाना विश्वविद्यालय का एनएसएस विभाग कैंसर की रोकथाम गतिविधियों में शामिल रहा है। विश्वविद्यालय ने इस सार्वजनिक स्वास्थ्य खतरे का समाधान ढूढ़ने के लिए एनएसएस स्वयंसेवकों के लिए एक कार्य योजना विकसित की है।

इस अवसर पर नागपुर के हैड नेक कैंसर सर्जन और वॉयस ऑफ टोबैको विक्टिम्स (वीओटीवी) के संरक्षक डॉ.प्रणव इंगोले ने कहा, “कैंसर के लिए रोकथाम इलाज से बेहतर है। तम्बाकू मृत्यु का सबसे अधिक रोके जाने वाले कारणों में से एक है। इस महामारी से निपटने करने के लिए एनएसएस के स्ंवयसेवक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते है। सामाजिक सुधार केवल उन विद्यार्थियों के द्वारा लाया जा सकता है जो हमारे देश की भावी पीढ़ी हैं। मेरे पास आने वाले कैंसर के मरीज बड़े आधात से गुजर रहे होते हैं, साथ ही उनका पूरा परिवार उनके दुःख से पीड़ित होता है। कम उम्र के लेागों में कैंसर होने का पता चल रहा है और इसका एक कारण तंबाकू उत्पादों का व्यापक सेवन है। यदि तंबाकू का सेवन कम उम्र में शुरू किया जाता है, तो व्यक्ति अपने पूरे जीवन में इस लत को रहने की अधिक आशंका हेाती है। चूंकि तम्बाकू सेवन की लत छोड़ने की दर बहुत कम है, इसलिए अधिक से अधिक प्रयास युवाओं में तंबाकू की सेवन शुरू कम करने की दिशा में होना चाहिए।”

इसलिए छात्रों को इसमें शामिल होना बहुत अच्छा साबित होगा-
गौरतलब है कि युवाओं को जानलेवा नशे की लत या तंबाकू से बचाने के लिए केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्रालय और महाराष्ट्र क्षेत्रीय निदेशालय के समर्थन से "प्लेज फॉर लाइफ- टोबैको फ्री यूथ" अभियान शुरू किया गया है। चंद्रपुर कैंसर केयर फाउंडेशन के सहयोग से संबंध हेल्थ फाउंडेशन (एसएचएफ) ने पलेज फॉर लाइफ- तंबाकू मुक्त युवा अभियान शुरू करने के लिए तकनीकी सहायता प्रदान की।

एनएसएस युवाओं ने लिया संकल्प-
राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्वंयसेवकों व कार्यक्रम अधिकारियों को तंबाकू व अन्य धूम्रपान उत्पादों को न लेने की शपथ दिलाई। इस शपथ के बाद सभी अधिकारियों व युवाओं ने हमेशा इस संकल्प को याद रखने व युवाओं को इससे बचाने का भी भरोसा दिलाया। सभी ने प्रतिज्ञा की कि वे अपने जीवन में कभी भी तंबाकू को नहीं छूएंगे और अपने दोस्तों और परिवारों को ऐसा ही करने के लिए प्रोत्साहित करेंगे। इसके साथ ही एनएएसएस के स्वंयसेवक अपने स्तर पर तंबाकू से होने वाले दुष्प्रभावों से युवाओं को जागरुक करेंगे।